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काल और दिशा ये हमारे लिए संदर्भ-बिन्दु हैं

सद्‍गुरु श्री अनिरुद्धने १५ मई २०१४ के पितृवचनम् में ‘दिशा और काल हमारे लिये ‘काल और दिशा ये हमारे लिए संदर्भ-बिन्दु हैं’ इस बारे में बताया। सद्‍गुरु श्री अनिरुद्धने १५ मई २०१४ के पितृवचनम् में ‘दिशा और काल हमारे लिये ‘काल और दिशा ये हमारे लिए संदर्भ-बिन्दु हैं’ इस बारे में बताया। दिशा और काल ये क्या है हमारे लिये? Reference point है। यानी संदर्भ नहीं सिर्फ, reference point, it

खाड़ी क्षेत्र

रशियन राष्ट्राध्यक्ष ईरान पहुँचे तेहरान – युक्रेन युद्ध की तीव्रता बढती जा रही है और रशिया के राष्ट्राध्यक्ष व्लादिमिर पुतिन मंगलवार को ईरान की राजधानी तेहरान पहुंचे। ईंधन तथा आर्थिक सहयोग पर राष्ट्राध्यक्ष पुतिन ईरान के राष्ट्राध्यक्ष इब्राहिम रईसी के साथ चर्चा करेंगे। पिछले सप्ताह ही अमेरिका के राष्ट्राध्यक्ष ज्यो बायडेन ने खाडी राष्ट्रों का दौरा करके रशिया एवं ईरान के खिलाफ आघाडी मजबूत करने की दिशा में कदम बढाए

Gunasankirtan

In h is discourse dated 7th October 2004, Sadguru Aniruddha Bapu explains the difference between the consequences of the choices made by Arjun and Duryodhan. Citing examples of the functions of various parts of the human body, Bapu guides us on how we should decide the direction of God’s Gunasankirtan or the praises of the attributes of God. Based on this Bapu also reveals what we gain by praising the

ईरान से जुड़ा खतरा बढ़ने लगा

परमाणु कार्यक्रम पर तनाव बढ़ने की स्थिति में अमरीका और ईरान के युद्धपोत आमने-सामने वॉशिंग्टन/तेहरान – ईरान के परमाणु कार्यक्रम पर जारी बातचीत स्थगित होने से अमरीका और ईरान के बीच तनाव बढ़ रहा है और इसी दौरान दोनों देशों के युद्धपोत खतरनाक तरिके से आमने-सामने आने की घटना सामने आयी है। अमरीका के ‘फिफ्थ फ्लीट’ ने इस घटना की जानकारी प्रदान की है। इसके अनुसार अमरिकी युद्धपोत होर्मूझ की

directions

In this discourse dated 7th October 2004, Sadguru Aniruddha Bapu explains the difference between the physical directions and the direction of one’s intent. Sadguru Bapu speaks in detail about how Sai Baba got ‘Shree Sai Satcharit’ – the Gunsankirtan of Sai Baba, composed by Hemadpant for the welfare of everyone. Furthermore, Sadguru Aniruddha reveals Hemadpant’s aim in life and the reason that led him to receive the purest and ultimate

Vasudev

In this pravachan clip dated 7th October 2004, Sadguru Aniruddha Bapu reveals the meaning behind the name ‘Vasudev’, who is Devaki’s husband and Shree Krishna’s father. He further clarifies the true meaning of ’33 Koti Dev’ as is mentioned in the Vedas.  Furthermore, Bapu explains in detail about the the 10+1 directions, ‘Ashtvasu’, their role in our lives. based on this, He highlights the significance of Devaki-Vasudev’s marriage. ७ अक्टूबर २००४

‘Qualitative Progress’

In this discourse, Sadguru Aniruddha lucidly differentiates between ‘Quantitative Progress’ and ‘Qualitative Progress’ in life using some interesting examples. To make us understand this further, Sadguru Bapu explains the saying, “God lives beyond quantity or numbers”. Moreover, Bapu also tells us how quantity, time and direction together make up the ‘Pranatatwa’. या प्रवचनामध्ये सद्गुरू अनिरुद्ध आम्हाला काही रोचक उदाहरणे देऊन जीवनात संख्यात्मक बदल व गुणात्मक बदल यांमधील फरक समजावतात. या

Space

In this Marathi discourse dated 27th March 2003, Sadguru Aniruddha (Bapu) explains the importance of Disha (Space) and Kaal (time). Appropriate synchronization of space-time is very important for performing any specific action and its fruitful completion. With very simple examples, Sadguru Bapu also explains the consequences of imbalance of either one of these (Disha or Kaal). दिनांक २७ मार्च २००३ च्या ह्या मराठी प्रवचनातून सद्गुरू अनिरुद्ध (बापू) दिशा आणि काळ

Mahavishnu

|| Om Asankhyeyaaya Namah || In this pravachan, Sadguru Aniruddha has explained the meaning of this name of the Mahavishnu. ‘Asankhyey’ primarily means beyond sankhyaa or all numbers, i.e. infinite. However, with very interesting examples, Sadguru Bapu explains the fact that the existence of numbers depends on direction and time, which is one of the mathematical theories of the ‘Sankhya Shastra’. || ॐ असंख्येयाय नमः ||  इस प्रवचन में सद्गुरु

तालिबान हुकूमत

सिस्तान-बलोचिस्तान की सीमा पर ईरान की सेना की तालिबान से मुठभेड़ तेहरान/काबुल – ईरान के रिव्होल्युशनरी गार्ड्स के जवान और अफगानिस्तान स्थित तालिबान के आतंकवादियों के बीच बुधवार को मुठभेड़ हुई। सिस्तान-बलोचिस्तान की सीमा पर हुई इस मुठभेड़ में तालिबान के आतंकवादी मारे जाने की तथा तालिबान ने ईरान की लष्करी चौकियों पर कब्ज़ा करने की खबरें प्रकाशित हुईं थीं। उसकी पुष्टि नहीं हुई है । लेकिन यह मुठभेड़ गलतफ़हमी