Devotional Services

Old is Gold project

On 3rd October 2002, Sadguru Shree Aniruddha introduced to us the ‘Thirteen Points Programme’ – a solution to many of the problems that be; may the problem be faced by people at the community level or an individual level. One of the projects included ‘Juney Tey Soney’, which translates to ‘Old is Gold’. The Juney Tey Soney project has become a channel for Shraddhavans enabling them to help the deprived

Details of the Mega Blood Donation Camp 2019

Hari Om, Today a ‘Mega Blood Donation Camp’ was held by the ‘Dilasa Medical Trust and Rehabilitation Centre’ jointly with ‘Shree Aniruddha Upasana Foundation’ and the ‘Aniruddha’s Academy of Disaster Management’. This was the 21st year of the Mega Camp. The activity of organizing the blood donation camps, which started under the guidance of Dr. Aniruddha Dhairyadhar Joshi (Sadguru Shree Aniruddha Bapu) in the year 1999, is held across the

महारक्तदान शिविर २०१९ की जानकारी

हरि ॐ, दिलासा मेडिकल ट्रस्ट अ‍ँड रिहॅबिलीटेशन सेंटर द्वारा आयोजित और श्री अनिरुद्ध उपासना फाउंडेशन एवं अनिरुद्धाज्‌ अ‍ॅकॅडमी ऑफ डिझास्टर मॅनेजमेंट के संयुक्त तत्त्वावधान में आज संपन्न हुए महारक्तदान शिविर का यह २१ वाँ वर्ष था। सन १९९९ में डॉ. अनिरुद्ध धैर्यधर जोशी (सद्‌गुरु श्रीअनिरुद्ध बापू) के मार्गदर्शन में शुरू हुए इन रक्तदान शिविरों का महाराष्ट्र भर में आयोजन किया जाता है। आज मुंबई तथा अन्य ८ ज़िलों में ३२

  स्वास्थ्य (निवारक, प्रोत्साहक, रोगनिवारक, पुनर्वास) ग्रामिण/नगरीय/सामुदायिक/आदिवासी विकास पर केन्द्रित भारत आज दुनिया की प्रमुख अर्थव्यवस्थाओं में से एक है। परंतु तेज़ी से प्रगति करती अर्थव्यवस्था के बावजूद, कुछ समस्याएं देश के कई हिस्सों में अब तक पनप रही हैं और उन क्षेत्रों पर मंडरा रही हैं। गरीबी, एक ऐसी ही समस्या है, जो विशेष रूप से ग्रामीण क्षेत्रों में समाज को असक्षम बना देती है और प्रगति में बड़ी

(के एम एच सी) ग्रामीण/ नागरी / समाज / आदिवासी ह्यांच्या आरोग्य आणि स्वच्छतेवर लक्ष केंद्रीत करून विकास (प्रतिबंधक, प्रोत्साहक, उपचारात्मक आणि पुनर्वसन) भारत सध्या जगातील अग्रेसर /(अग्रगणी ) अर्थव्यवस्थांपैकी एक आहे.  तथापि अर्थव्यवस्थेची भरभराट होत असली तरी, देशातील भागांमध्ये काही समस्या वारंवार प्रकट होऊन जोमाने वाढत राहतात. सार्वत्रिकरीत्या ग्रामीण भागांमध्ये, विशेषत: दारिद्र्य हे एक असे सामाजिक दैन्य आहे, जे समाजाला अपंग बनविते आणि त्याच्या विकासात अडथळा आणते. बहुतांश वेळा,

KOLHAPUR MEDICAL & HEALTHCARE CAMP {KMHC}

RURAL / URBAN / COMMUNITY / TRIBAL Development with focus on HEALTH (Preventive, Promotive, Curative and rehabilitative) and HYGIENE India is currently one of the leading economies of the world. However, despite the boom of its economy, certain problems continue to thrive and haunt parts of the country. Poverty, especially prevalent in rural areas, is one such social evil which handicaps society and hampers its progress. Most of the times,

The Kolhapur Medical & Healthcare Camp, a brainchild of Dr. Aniruddha Dhairyadhar Joshi, M.D. (Medicine) is in its 15th year. This year it was held on 4th & 5th February 2018 at Pendakhale village of Shahuwadi taluka in the district of Kolhapur, Maharashtra. One may think of this to be just a 2-day affair but in fact, it is an on-going activity being performed round the year that culminates into

डॉ. अनिरुद्ध जोशी के संकल्पना से साकार हुए कोल्हापूर मेडिकल और हेल्थकेअर कैम्प का यह पंद्रहवा वर्ष है। इस वर्ष दिनांक ४ एवं ५ फरवरी के रोज कोल्हापूर जिले के शाहुवाडी तालुका के पेंढाखले इस गांव मे यह कैम्प संपन्न हुआ है। कई लोगों को यह कैम्प सिर्फ दो दिनों का कार्यक्रम प्रतीत होता होगा पर वास्तव मे यह सालभर चलनेवाला उपक्रम है जिसका अनुभव इस कैम्प मे होता है।

Malnutrition

Almost a couple of years back a news had appeared in Daily ‘Punya Nagari’ dated 31st August 2015 highlighting the pathetic condition of malnutrition in Mokhada taluka of Palghar district (then Thane district). It was forwarded by Dr. Aniruddha Joshi jointly to the Core Committees of ‘Shree Aniruddha Aadesh Pathak’ and ‘Aniruddha’s Academy of Disaster Management’. For last many years the district of Palghar has been plagued by the problem

महारक्तदान शिबीर २०१७

दिलासा मेडिकल ट्रस्ट अ‍ॅन्ड रिहॅबिलीटेशन सेंटर द्वारा आयोजीत व श्री अनिरुद्ध उपासना फाउंडेशन आणि अनिरुद्धाज्‌ अ‍ॅकॅडमी ऑफ डिझास्टर मॅनेजमेंट यांच्या संयुक्त विद्यमानाच्या आधारे साकार होणार्‍या महारक्तदान शिबीराचे यंदा १८ वे वर्ष आहे. १९९९ साली डॉ. अनिरुद्ध धैर्यधर जोशी (सद्‌गुरु बापू) यांच्या मार्गदर्शनाखाली सुरु झालेल्या या शिबीरांचे उपक्रम छोट्या मोठ्या प्रमाणात महाराष्ट्रभर आयोजीत करण्यात येतात. २०१६ साली महाराष्ट्रातील १०६ ठिकाणी रक्तदान शिबीरांचे यशस्वीरित्या आयोजन करून एकूण ११,२१६ बाटल्या रक्त जमा केले

Blood Donation Camp - 2017

This will be the 18th year of Blood Donation Camp to be organized by Dilasa Medical Trust and Rehabilitation Centre, supported by Shree Aniruddha Upasana Foundation and Aniruddha’s Academy of Disaster Management. The activity which was initiated by Dr. Aniruddha D. Joshi (Sadguru Bapu), in the year 1999, has gradually gained momentum and spread all over Maharashtra. During the year 2016 a total of 106 camps were successfully conducted all

Foundation Day of Aniruddha's Academy of Disaster Management

On 14th March 2002, Dr. Aniruddha D. Joshi, had announced the  formation of ‘Aniruddha’s Academy of Disaster Management’ (AADM). Aniruddha’s Academy of Disaster Management was initiated to build a strong volunteer base across the globe to equip and help common man during disasters-natural or man made. Irrespective of religion, race, gender or any other wordly differences, AADM imparts training to all the applicants totally free of cost. Since its inception, AADM

Kolhapur Medical and Healthcare Camp 2016 – 3

हर वर्ष की तरह इस वर्ष भी कोल्हापूर ज़िले के विविध गावोंमें मेडिकल एवं हेल्थकेअर कॅम्प का आयोजन किया गया था। इस कॅम्प ९०,००० स्क्वे. फि. के का क्षेत्रफल में फैला हुआ था। इस कॅम्प की हमेशा ही इन गावोंमें प्रतिक्षा की जाती है। इस सारे इलाके मे कुल ८५ गावो के लगभग ६०,००० गाववासीयों को यह कॅम्प समग्र स्वास्थ्य सेवा दिलाता है। वैद्यकीय एवं आरोग्यसेवा की अनेक शाखाएं, जैसे;

Kolhapur Medical and Healthcare Camp 2016 - 2

एक प्रसिद्ध अंग्रेजी कहावत है – “Giving is the best communication” (देना सबसे अच्छा संपर्क हैं)। हर साल कोल्हापूर स्थित अनेक छोटे गावोंमे आयोजित होनेवाला मेडिकल एवं हेल्थकेअर कॅम्प इसका प्रतिक है। २००४ साल से दिलासा मेडिकल ट्रस्ट ऑण्ड रिहॅबीलीटेशन सेंटर, संपूर्ण करुणा भावसे कोल्हापूर और आसपास के अन्य विभागो में बहुतही आवश्यक ऐसा सहारा यहॉंके श्रमिकों को दे रहा है, जिन्हें सचमें इसकी जरुरत है। श्री अनिरुद्ध उपासना फाउंडेशन